ईरान की उच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के सचिव ने कहा है कि इलाक़े के देशों के विभाजन की कोशिश को नाकाम बनाने के लिए ईरान , इराक़ और सीरिया के मध्य सहयोग से अमरीका और ज़ायोनी शासन के आक्रोश की वजह हम अच्छी तरह से जानते हैं।

" अली शमखानी" ने सोमवार को स्वंय सेवी बल के शिक्षकों के एक सम्मेलन में भाषण देते हुए कहा कि सीरिया में अन्नुस्रा फ्रंट जैसे आतंकवादी गुटों की अमरीका की ओर से हर प्रकार की मदद और उस पर सुरक्षा परिषद का मौन, अतीत में इराक़ और अफगानिस्तान में अमरीका की विफल नीतियों को दोहराने की कोशिश है। 

वर्तमान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प सहित कई अमरीकी अधिकारी,  अमरीका की ओर से दाइश के समर्थन की बात स्वीकार कर चुके हैं। 

 

उन्होंने कहा कि अमरीकी जनता को अब भी अतीत की ही भांति वाइट हाउस के भ्रम और महत्वकांक्षाओं का मूल्य चुकाना पड़ रहा है। 

" अली शमखानी" ने कहा कि हालिया घटनाओं से यह स्पष्ट हो गया कि आतंकवादी संगठन दाइश , इस इलाक़े के लिए कितना खतरनाक है और ईरान की क्षेत्रीय भूमिका का उद्देश्य इलाक़े में स्थायित्व व शांति की स्थापना और क्षेत्रीय जनता को तकफीरी आतंकवाद से बचाना रहा है। (Q.A.)

 

Mar १३, २०१८ ०९:१६ Asia/Kolkata
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