अत्याचारी ज़ायोनी शासन के एक सैनिक ने उस समय हद पार कर दी जब वह शराब की बोतल हाथ में लेकर मस्जिदुल अक़्सा में घुसने का प्रयास करने लगा, बहुत रोकने के बावजूद वह सैनिक अपनी करतूत से बाज़ नहीं आया और पवित्र स्थल का अनादर करता रहा।

प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार, सोमवार को एक ज़ायोनी सैनिक ने उस समय अपनी सभी सीमाएं लांघ दीं जब वह शराब की बोतल के साथ मुसलमानों के पहले क़िबले मस्जिदुल अक़्सा में घुसने लगा। वहां मौजूद लोगों ने उसको बहुत रोकने का प्रयास किया लेकिन उसने किसी की नहीं सुनी और भद्दी-भद्दी गालियां देता हुआ पवित्र स्थल का अनादर करता रहा। इस बीच दूसरी ओर इस्राईली सैनिक उसकी इस करतूत की वीडियो बनाने और उसका उत्साह बढ़ाने में लगे हुए थे किसी ने भी उसको यह कृत्य करने से नहीं रोका।

उल्लेखनीय है कि "मस्जिदुल अक़्सा" क़ुद्स नगर की इस्लामी और फ़िलिस्तीनी पहचान की प्रतीक है इस लिए ज़ायोनी हमेशा इस मस्जिद को निशाना बना कर अपने लक्ष्यों की पूर्ति का प्रयास करते हैं। अक्टूबर सन् 2015 में ज़ायोनियों द्वारा "मस्जिदुल अक़्सा" की अवमानना के बाद नया "इन्तेफ़ाज़ा आंदोलन" आरंभ हुआ था जिसमें अब तक सैकड़ों फ़िलिस्तीनी शहीद और हज़ारों घायल हो चुके हैं। (RZ)

 

Sep १०, २०१८ १९:५३ Asia/Kolkata
कमेंट्स