• अब सऊदी अरब और इराक़ ने रूस से एस-400 ख़रीदने की इच्छा जता कर अमरीका की नींद उड़ाई

रूस से हथियार ख़रीदने वालों पर प्रतिबंध लगाने की अमरीका की धमकी के बावजूद सऊदी अरब और इराक़ ने रूस से एस-400 एंटी मीज़ाइल सिस्टम ख़रीदने की इच्छा जताई है।

माॅस्को से प्रकाशित होने वाले समाचारपत्र इज़विस्तिया ने लिखा है कि माॅस्को में सऊदी अरब के राजदूत ने रशा टूडे से बात करते हुए कहा है कि दोनों देशों के अधिकारी एस-400 मीज़ाइल भेदी सिस्टम की ख़रीदारी के बारे में बात कर रहे हैं। उन्होंने इस बात का उल्लेख करते हुए कि माॅस्को और रियाज़ इस मीज़ाइल सिस्टम की ख़रीदारी के तकनीकी पहलुओं की समीक्षा कर रहे हैं, आशा जताई कि अमरीकी सरकार, रूस से एस-400 ख़रीदने के कारण सऊदी अरब पर प्रतिबंध नहीं लगाएगी।

 

इस बीच इराक़ सरकार ने भी रूस से एस-400 एंटी मीज़ाइल सिस्टम ख़रीदने की कोशिश शुरू कर दी है। जारी वर्ष के आरंभ में इराक़ी रक्षा मंत्रालय के एक उच्च स्तरीय शिष्टमंडल ने अपनी माॅस्को यात्रा में इस संबंध में रूसी अधिकारियों से वार्ता की थी। इराक़ की संसद में सुरक्षा व प्रतिरक्षा मामलों के आयोग के प्रमुख हाकिम अज़्ज़ाेमेली ने रूस से यह एंटी मीज़ाइल सिस्टम ख़रीदने के महत्व के बारे में कहा है कि आतंकी हमारे देश पर हमला कर चुके हैं और हमारे पवित्र धार्मिक स्थलों पर, जो हमारी जनता के लिए बहुत अधिक अहमियत रखते हैं, हवाई हमले का ख़तरा है। उन्होंने कहा कि संभावित रूप से आतंकी गुट ड्रोनों या अन्य वस्तुओं से इन पवित्र स्थलों पर हमला कर सकते हैं जिसका एक उदाहरण सामर्रा शहर में होने वाला हमला है। अतः देश की वायु सीमा की संपूर्ण रक्षा के लिए एस-400 की ख़रीदारी बहुत ज़रूरी है।

 

ज्ञात रहे कि इस समय चीन और तुर्की ने रूस से एस-400 एंटी मीज़ाइल सिस्टम ख़रीदा है जबकि भारत ने भी इस सिस्टम की ख़रीदारी की डील को अंतिम मंज़ूरी दे दी है। अमरीका ने दो दिन पहले ही चीन की सेना और वरिष्ठ चीनी सैन्य अधिकारियों पर रूस से सुख़ोई युद्धक विमान और एस-400 मीज़ाइल सिस्टम ख़रीदने के कारण प्रतिबंध लगाया है। (HN)

Sep २२, २०१८ १५:०१ Asia/Kolkata
कमेंट्स