• फ़ारसी सीखें-28वां पाठ

आज के कार्यक्रम में ईरानी रेलवे के इतिहास के बारे में बात करेंगे।

आज के कार्यक्रम में ईरानी रेलवे के इतिहास के बारे में बात करेंगे। वर्ष 1886 में तेहरान और शहरे रै के बीच ईरान की प्रथम रेलवे लाइन का निर्माण हुआ। इस पटरी की लम्बाई लगभग 8700 मीटर थी। तत्पश्चात ईरान के विभिन्न नगरों के बीच छोटी छोटी रेल पटरियां बिछाई गईं। ईरान में रेलवे लाईन कैस्पियन सागर के तट पर स्थित गज़ बंदरगाह से शुरू होकर फार्स की खाड़ी के तट पर स्थित इमाम ख़ुमैनी बंदरगाह पर समाप्त होती है। ध्यान योग्य है कि यह रेलवे लाइन उत्तर से दक्षिण तक सारी एवं क़ायम शहर नगरों से होकर अलबोर्ज़ पर्वतीय क्षेत्रों, अनेक पुलों सुरंगों तथा फ़ीरूज़ कोह के ऊंचे दर्रों एवं विरामीन के मैदानी क्षेत्र से गुज़रती हुई तेहरान तक पहुंचती है। तेहरान के बाद से यह रेलवे लाइन दक्षिण तक अनेक नगरों, गांवों और पर्वतीय क्षेत्रों, पुलों और सुरंगों से होती हुई इमाम ख़ुमैनी बंदरगाह कर पहुंचती है। पूरे ईरान में रेलवे लाइन बिछाने का काम 1938 में पूरा कर हो गया। यद्यपि उसके बाद भी विभिन्न क्षेत्रों के बीच दूसरी पटरियां भी बिछाई गईं हैं। एक पार्टी में मोहम्मद का मसूद हुसैनी से परिचय होता है। वह सिविल इंजीनियर और रेलवे कर्मचारी है। वे आपस में ईरानी रेलवे के इतिहास के बारे में बातचीत कर रहे हैं। पहले इस कार्यक्रम में प्रयोग शब्दों पर ध्यान दीजिए।




 

راه آهن

रेलवे

 

 شما کار می کنید

 आप काम करते हैं

 

 کارمند

 कर्मचारी

 

 جاده

 मार्ग

 

 راه

 रास्ता

 

 من چیزهایی می دانم

 मुझे कुछ चीज़ों का ज्ञान है

 

 من اطلاع ندارم

 मैं नहीं जानता

 

 چندان

 इतना अधिक

 

 حدود

 लगभग

 

 120

 120

 

 آن قدمت دارد

 वह पुराना है

 

 قدیمی ترین

 प्राचीनतम

 

 شهر ری

 रै नगर

 

 آن ساخته شد

 उसका निर्माण हुआ

 

 اکنون

 अब

 

 بخشی از

 एक भाग

 

 کلان شهر

 महानगर

 

 آن زمان

 उस समय

 

 طول

 लम्बा

 

 8700 متر

 8700 मीटर

 

 فرانسوی

 फ़्रांस का

 

 مجری

 कार्यकारी

 

 طرح

 योजना

 

 طولانی

 लम्बाई

 

 بین

 बीच

 

 چند شهر

 कुछ नगर

 

 خط

 पटरी

 

 خطوط

 पटरियां

 

 سراسری

 समूचा

 

 هنوز

 अभी

 

 آن ساخته نشده بود

 उसका निर्माण नहीं हुआ था

 

 سال

 वर्ष

 

 1938

 1938

 

 افتتاح

 उद्घाटन

 

 بندر

 बंदरगाह

 

 گز

 गज़

 

 کنار

 किनारा

 

 دریا

 सागर

 

 دریای خزر

 कैस्पियन सागर

 

 بندر امام خمینی

 इमाम ख़ुमैनी बंदरगाह

 

 ساحل

 तट

 

 خلیج فارس

 फार्स की खाड़ी

 

 آن متصل می کرد

 वह मिलाता था

 

 طول

 लम्बा

 

 خیلی زیاد

 बहुत अधिक

 

 1400

 1400

 

 کیلومتر

 किलो मीटर

 

 اکنون

 अब

 

 وضعیت

 स्थिति

 

 متفاوت

 भिन्न

 

 احتمالا"

 संभवतः

 

 مختلف

 विभिन्न

 

 آنها دسترسی دارند

 उनकी पहुंच है

 

 همین طور است

 ऐसा ही है

 

 حتی

 यहां तक कि

 

 چند

 कुछ

 

 مسیر

 मार्ग

 

 قطار برقی

 बिजली से चलने वाली रेलगाड़ी

 

 آن فعالیت می کند

 वह कार्य करता है


 अब हम मोहम्मद और मसूद के बीच होने वाली वार्ता पर ध्यान दीजिए.


मोहम्मद- आप तेहरान के रेलवे विभाग में काम करते हैं

    محمد - شما در راه آهن تهران کار می کنید ؟

 

मसूद- हां, मैं रेलवे कर्मचारी हूं

 

 مسعود - بله . من کارمند راه آهن هستم .

मोहम्मद- मुझे ईरान के मार्गों और सड़कों के बारे में ज्ञान है, लेकिन रेलवे के बारे में कुछ अधिक मालूमात नहीं है

 

 محمد - من درمورد جاده ها و راههای ایران چیزهایی می دانم ،

ولی درمورد راه آهن چندان اطلاع ندارم .

मसूद- ईरानी रेलवे लगभग 120 वर्षों पुराना है। ईरान में सबसे पहले तेहरान और शहरे रै के बीच रेल पटरी बिछाई गई

 

مسعود - راه آهن ایران حدود 120 سال قدمت دارد . قدیمی ترین

راه آهن ایران ، بین تهران و شهر ری ساخته شد .

मोहम्मद- किन्तु अब शहरे रै नगर तेहरान महानगर का एक भाग है

 

محمد - اما اکنون شهر ری ، بخشی از کلان شهر تهران است .

मसूद- हां, लेकिन उस समय इस रेल पटरी की लम्बाई 8700 मीटर थी। फ़्रांस के एक नागरिक ने इस योजना का कार्यान्वयन किया था

 

مسعود - بله . اما آن زمان ، طول این راه آهن 8700 متر بود . یک فرانسوی ، مجری این طرح بود .

मोहम्मद- तो यह रेलवे लाइन अधिक लम्बी नहीं थी

 

محمد - پس این راه آهن خیلی طولانی نبود !

मसूद- नहीं, तत्पश्चात दूसरे कुछ नगरों के बीच रेल पटरियां बिछाई गईं

 

مسعود - نه . پس از آن نیز بین چند شهر دیگر نیز خطوط راه آهن ساخته شد .

मोहम्मद- तो उस समय पूरे ईरान में अभी रेल लाइन का निर्माण नहीं हुआ था

 

محمد - پس تا آن زمان ، راه آهن سراسری ایران هنوز ساخته نشده بود .

मसूद- वर्ष 1938 में ईरान की सबसे बड़ी रेलवे लाइन का उदघाटन हुआ। यह रेलवे लाइन कैस्पियन सागर के तट पर स्थित गज़ बंदरगाह को फ़ार्स की खाड़ी के तट पर स्थित इमाम खुमैनी बंदरगाह से जोड़ती है

 

مسعود - در سال 1938 راه آهن سراسری ایران افتتاح شد . این راه آهن ، بندر گز - کنار دریای خزر را به بندر امام خمینی در ساحل خلیج فارس متصل می کند .

मोहम्मद- फिर तो इसकी लम्बाई बहुत अधिक है

 

محمد - پس طول آن خیلی زیاد است .

मसूद- हां, लगभग 1400 किलो मीटर

 

مسعود - بله . حدود 1400 کیلومتر .

मोहम्मद- इसी लिए अब ईरानी रेलवे की स्थिति बहुत भिन्न है, संभवतः विभिन्न नगरों तक रेलवे लाइन की सहूलत है

 

محمد - پس اکنون وضعیت راه آهن ایران بسیار متفاوت است و احتمالا" شهرهای مختلفی به راه آهن دسترسی دارند ؟

मसूद- हां, ऐसा ही है। यहां तक कि कुछ मार्गों पर विद्युत रेल का संचालन होता है

 

مسعود - بله . همین طور است . حتی در چند مسیر ، قطار برقی فعالیت می کند .

 


  • एक बार फिर मोहम्मद और मसूद की बातचीत पढ़ते हैं। इस बार बातचीत का अनुवाद नहीं पढ़ेंगे।



محمد - شما در راه آهن تهران کار می کنید ؟


مسعود - بله . من کارمند راه آهن هستم .


محمد - من درمورد جاده ها و راههای ایران چیزهایی می دانم ، ولی درمورد راه آهن چندان اطلاع ندارم .


مسعود - راه آهن ایران حدود 120 سال قدمت دارد . قدیمی ترین راه آهن ایران ، بین تهران و شهر ری ساخته شد .


محمد - اما اکنون شهر ری ، بخشی از کلان شهر تهران است .


مسعود - بله . اما آن زمان ، طول این راه آهن 8700 متر بود . یک فرانسوی ، مجری این طرح بود .


محمد - پس این راه آهن خیلی طولانی نبود !


مسعود - نه . پس از آن نیز بین چند شهر دیگر نیز خطوط راه آهن ساخته شد .


محمد - پس تا آن زمان ، راه آهن سراسری ایران هنوز ساخته نشده بود .


مسعود - در سال 1938 راه آهن سراسری ایران افتتاح شد . این راه آهن ، بندر گز - کنار دریای خزر را به بندر امام خمینی در ساحل


خلیج فارس متصل می کند .


محمد - پس طول آن خیلی زیاد است .


مسعود - بله . حدود 1400 کیلومتر .


محمد - پس اکنون وضعیت راه آهن ایران بسیار متفاوت است و احتمالا" شهرهای مختلفی به راه آهن دسترسی دارند ؟


مسعود - بله . همین طور است . حتی در چند مسیر ، قطار برقی فعالیت می کند .


उत्तर से दक्षिण तक रेलवे लाइन के अतिरिक्त तेहरान - मशहद, तेहरान - तबरेज़, तेहरान - इसफ़हान एवं शीराज़ तक रेलवे लाइन का निर्माण किया गया। इसी प्रकार तबरेज़ से ईरान की सीमा होते हुए तुर्की तक रेलवे लाइन ईरानी रेलवे को यूरोप से जोड़ती है। प्रति वर्ष इस रेलवे मार्ग से अधिक संख्या में यात्री ईरान और यूरोप के बीच यात्रा करते हैं एवं बहुत सी वस्तुएं इसी मार्ग से आयात और निर्यात की जाती हैं। इस समय ईरानी रेलवे लाइन की लम्बाई ग्यारह हज़ार किलो मीटर से भी अधिक है। आज कल रेलवे विभाग के अनुभवी इंजीनियर और कर्मचारी ईरान के कठिन पर्वतीय क्षेत्रों सहित विभिन्न क्षेत्रों तक रेल पटरी का विस्तार कर रहे हैं। उनका प्रयास है कि नवीनतम तकनीक का प्रयोग करके संपूर्ण ईरान में आवाजाही एवं माल ढोने की सुविधा उपलब्ध करायें। ईरानी रेलवे के देखने योग्य स्थानों में से एक वरसक पुल है। अगली कड़ी में इस पुल के बारे में विस्तृत जानकारी देंगे।


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Sep २१, २०१५ १४:५१ Asia/Kolkata
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