Jan २५, २०२२ १२:५३ Asia/Kolkata

...अब तक हमने अफ़्रीक़ा, उत्तरी अमरीका या अमेज़न के जंगलों में रहने वाले आदम ख़ोर क़बीलों के बारे में किताबों में पढ़ा या फिल्मों में ही देखा था लेकिन अब एक वास्तविक घटना ने सबको हिला दिया है।

....फ़्रांस में आदम ख़ोर, जेरेमी रेम्बो नाम का सैनिक तुलूस शहर के अस्पताल से भाग निकला और उसने 72 साल की एक महिला को खाने की नीयत से उस पर हमला कर दिया लेकिन उसे क़त्ल नहीं कर पाया।....महिला ने बताया कि उसने राड से मुझ पर कई वार किए। वह मुझे क़त्ल करना चाहता था लेकिन लोगों ने मुझे बचा लिया। पुलिस की बड़ी मेहनत के बाद रेम्बो गिरफ़तार कर लिया गया है। रेम्बो पहले भी इस तरह की हरकतें कर चुका है। 2013 में उसने एक किसान पर वहशियाना हमला किया था। गिरफ़तारी से पहले पुलिस ने इस व्यक्ति की तसवीरें जारी करके ख़ास तौर पर उम्र दराज़ लोगों को सचेत किया था कि घर से अकेले बाहर न निकलें। इस स्थिति से स्थानीय लोगों को बुरी तरह भयभीत कर दिया।....एक स्थानीय नागरिक का कहना था कि फ़्रांस में इस तरह की कुछ घटनाएं हुई हैं। मगर यह घटना बिल्कुल अजीब है जो मनोवैज्ञानिक समस्या का नतीजा है। आदमख़ोर जेरेमी रेम्बो पांच साल तक फ़्रांस की सेना में शामिल था और 2010 में एक साल तक वह अफ़ग़ानिस्तान में भी तैनात रहा। रेम्बो की गिरफ़तारी की ख़बर कोरोना और राष्ट्रपति चुनाव से ज़्यादा चर्चा का विषय बनी है। पेरिस के ग्यारहवें ज़ोन  एक इमारत स्थित है जो आदमखोर रेस्तोरां के नाम से मशहूर है रेम्बो की गिरफ़तारी के बाद कई दिन से इस रेस्तोरां को बंद कर दिया गया है। पेरिस से आईआरआईबी के लिए शहसवार हुसैनी की रिपोर्ट   

 

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